प्रामाणिकता का निरर्थक प्रश्न

राम और रामायण की तरह रामसेतु को भी प्रमाणों से परे मान रहे है बलबीर पुंज 
 

बाज़ार के दबाव में आगे बढ़ती हिंदी

हिंदी को अधिक से अधिक लोकप्रिय और उपयोगी बनाने के लिए जो सरकारी विभाग बनाए गए हैं उनके लिए हर साल 14 सितंबर एक बड़ा दिन होता है.

कट्टरता से लड़ने की राह

आतंकवाद के खिलाफ वातावरण बनाने में मुस्लिम बुद्धिजीवियों की भूमिका महत्वपूर्ण मान रहे है डा.महीप सिंह 

विचित्र मोड़ पर राजनीति

परमाणु करार पर विवाद के कारण नए राजनीतिक समीकरण बनते देख रहे है मोहन सिंह

अब रामसेतु पर 'दौड़ेगा' हिंदुत्व का रथ

प्रखर हिंदुत्व पर लौटने की कोशिश कर रही भाजपा को कांग्रेस ने ही मुद्दा थमा दिया है। सुप्रीम कोर्ट में दाखिल हलफनामे में सरकार ने राम के अस्तित्व पर प्रश्न खड़े कर भाजपा को रामसेतु पर ही हिंदुत्व का रथ दौड़ाने का मौका दे दिया है। मु

तो बात अयोध्या तक जाएगी!

 बात निकली है तो दूर तलक जाएगी !  केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में बुधवार को दायर हलफनामे में एक तरह से कह दिया है कि 'न राम रहे न रावन्ना, तुलसीदास गढ़ दीन्हीं पोथन्ना।'  इस स्वीकारोक्ति के बाद क्या अब यह मान लिया जाए कि राष्ट्

सुनामी को थाम लेता है रामसेतु

 इसे विचित्र संयोग ही कहेंगे। रामसेतु बचाने के लिए देश भर में चला आंदोलन बुधवार के दिन में सबसे बड़ी खबर बना। शाम होते-होते दूसरी खबर ने बड़ी खबर का रूप धर लिया। इंडोनेशिया में भयावह भूकंप। इसके बाद भारतीय गृह मंत्रालय का रेड अलर्

सरकार को फिर आई संस्कृत की याद

 रोजमर्रा की जिंदगी में तमाम तरह के तनावों व कई बीमारियों से निजात पाने के लिए लोगों के योग शिक्षा की तरफ भागता देख सरकार को फिर संस्कृत की याद आई है। वजह-योग दर्शन की सारी जानकारी संस्कृत साहित्य में ही ह

Syndicate content