डॉ. प्रमिला

वीणावादिनी की आराधना का दिवस

रूपं देहि यशो देहि भाग्यं भगवति देहि मे। धर्म देहि,धनं देहि सर्व विद्या प्रदेहि मे॥
  

Syndicate content